जयपुर, 25 अगस्त। गणेश चतुर्थी पर्व 14 सितंबर एवं 15 सितंबर 2026 को प्रस्तावित श्री गणेशजी की शोभायात्रा की तैयारियों एवं व्यवस्थाओं को लेकर मंगलवार को श्री गणेशजी मंदिर, मोती डूंगरी के परिसर में जिला कलक्टर संदेश नायक की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई।
जिला कलक्टर ने बताया कि 14 सितंबर को गणेश चतुर्थी पर्व पर जयपुर शहर के मोतीडुंगरी गणेश मंदिर, ब्रह्मपुरी स्थित श्री गढ़गणेश मंदिर एवं नहर के गणेश मंदिर सहित शहर के अन्य भगवान गणेशजी के मंदिरों में इस पर्व को भव्यता एवं दिव्यता से मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि 15 सितंबर को श्री गणेशजी की शोभायात्रा शाम 4 बजे मोती डूंगरी गणेश मंदिर से रवाना होकर मोती डूंगरी रोड, सांगानेरी गेट, जौहरी बाजार, त्रिपोलिया बाजार, छोटी चौपड़, गणगौरी बाजार, चौगान चौराहा एवं ब्रह्मपुरी होते हुए श्री गढ़ गणेशजी मंदिर पहुंचकर विसर्जित होगी। उन्होंने ने शोभायात्रा के मार्ग में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के एकत्रित होने को देखते हुए पुलिस एवं यातायात पुलिस को भीड़ प्रबंधन, पुलिस तैनाती, यातायात डायवर्जन एवं पार्किंग की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
जिला कलक्टर ने नगर निगम को सड़कों एवं मंदिरों के आसपास साफ-सफाई, रंगोली, कचरा प्रबंधन, सीवरेज व्यवस्था, प्रकाश एवं सजावट, पार्किंग, पेयजल, अग्निशमन एवं चल-शौचालयों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही वर्षा की स्थिति में एमडी रोड पर जलभराव होने पर तत्काल कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया गया। जेडीए को फव्वारों, डिवाइडर एवं सड़कों की मरम्मत तथा पीडब्ल्यूडी को आवश्यकतानुसार बैरिकेडिंग एवं सड़कों के निर्माण एवं दुरुस्तीकरण की व्यवस्था करने को कहा गया।
चिकित्सा विभाग को एम्बुलेंस एवं मेडिकल टीम की समुचित व्यवस्था, संभावित आपदा की स्थिति में नजदीकी अस्पताल चिन्हित कर बेड रिजर्व रखने तथा जेवीवीएनएल को निर्बाध विद्युत आपूर्ति, ढीले तारों के दुरुस्तीकरण एवं कंट्रोल रूम की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। पीएचईडी को पेयजल एवं पानी के टोंटी टैंकर की व्यवस्था, आरटीओ को शोभायात्रा के लिए वाहनों का समयपूर्व अधिग्रहण कर आयोजकों को उपलब्ध कराने तथा दूरसंचार विभाग को नेटवर्क जाम की स्थिति का निवारण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में नागरिक सुरक्षा विभाग को संभावित आपदा से निपटने के लिए स्वयंसेवकों की तैनाती तथा पर्व से पूर्व मंदिरों का फायर ऑडिट कराने, देवस्थान विभाग को मंदिरों में सजावट एवं रोशनी की व्यवस्था तथा विद्युत निरीक्षक को विद्युत उपकरणों एवं केबलिंग की जांच कर प्रमाण-पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए।
जिला कलेक्टर ने इस दौरान संयुक्त नियंत्रण कक्ष स्थापित करने के साथ-साथ इसमें सभी विभागों को नोडल अधिकारियों की नियुक्ति करने के निर्देशित प्रदान किए। मंदिर प्रबंधन को गणेश चतुर्थी के दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के प्रवेश-निकासी, पेयजल, सुलभ सुविधाओं, नियंत्रण कक्ष, माइक सेट एवं सीसीटीवी सहित आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में सभी विभागों से निर्धारित समय पर विभागवार तैयारियों की रिपोर्ट के साथ उपस्थित रहने तथा आपसी समन्वय से व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
मोती डूंगरी गणेश मंदिर के महंत श्री कैलाश शर्मा ने बताया कि श्री गणेश जी मोती डुंगरी में 7 से 15 सितंबर तक होंगे विभिन्न धार्मिक आयोजन होगा जिसके तहत 7 सितंबर को कलश यात्रा एवं जलाभिषेक, 8 सितंबर को पुष्प नक्षत्र पंचामृत अभिषेक एवं विशेष केले की झांकी एवं ध्रुपद गायन, 9 सितंबर को मोदक की झांकी , 10 सितंबर को भगवान श्री के फलों की झांकी, 11 सितंबर को भगवान श्री की सब्जियों की झांकी, 12 सितंबर को भगवान श्री के फूलों की झांकी, 13 सितंबर को मेहंदी पूजन एवं सिंजारा तथा 14 सितंबर को मंगला आरती, श्रृंगार आरती, भोग आरती, संध्या आरती एवं शयन आरती के आयोजन होंगे। 15 सितंबर को शाम 4 बजे शोभायात्रा निकाली जाएगी।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त प्रदीप मोहन, डीसीपी यातायात योगेश बंसल, अतिरिक्त जिला कलक्टर दक्षिण युगांतर शर्मा सहित संबंधित विभागों एवं मंदिर प्रबंधन समिति के प्रतिनिधि उपस्थित थे।