जयपुर, 7 मई। अजमेर शहर को झीलों की नगरी के रूप में नई पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए शहर की तीसरी बड़ी झील चौरसियावास तालाब के समग्र विकास का रोडमैप तैयार किया गया है। विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने गुरुवार को चौरसियावास तालाब क्षेत्र का निरीक्षण कर विकास कार्यों की रूपरेखा का अवलोकन किया।
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने कहा कि आनासागर और वरूण सागर के बाद अब चौरसियावास तालाब का भी व्यापक कायाकल्प किया जाएगा। लगभग 5 करोड़ रुपए की लागत से तालाब क्षेत्र में सौन्दर्यीकरण, आकर्षक लाइटिंग एवं पर्यटन सुविधाओं का विकास किया जाएगा, जिससे यह क्षेत्र शहरवासियों और पर्यटकों के लिए प्रमुख आकर्षण का केन्द्र बनेगा।
उन्होंने बताया कि तालाब की चारदीवारी को सुरक्षित एवं व्यवस्थित किया जाएगा तथा आसपास हुए अतिक्रमणों को हटाने की कार्यवाही भी की जाएगी। इसके साथ ही झील के भराव क्षेत्र के चारों ओर स्पष्ट सीमा निर्धारित कर संरक्षित क्षेत्र विकसित किया जाएगा, ताकि भविष्य में जल संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखा जा सके।
श्री देवनानी ने कहा कि तालाब को इस तरह से विकसित किया जाएगा कि शहर और बाहर से आने वाले लोगों को आनासागर, वरूण सागर के बाद घूमने के लिए एक और विकल्प मिल सके। श्री देवनानी ने निर्देश दिए कि तालाब क्षेत्र के अतिक्रमण सख्ती से हटाए जाएं। यहां तालाब की मिट्टी निकाल कर गहरा किया जाए ताकि बोटिंग का विकल्प विकसित हो। इसके साथ ही गार्डन, लाइटिंग और वॉक वे के साथ ही छोटा कैफेटेरिया भी प्रस्तावित किया जाए। यहां पानी के भराव और निकास के लिए आवक-जावक के रास्ते भी विकसित किए जाएं। डेकोरेटिव लाइट, जेट फाउंटेन और अन्य सुविधाएं भी विकसित होंगी।
विधानसभा अध्यक्ष श्री देवनानी के सतत मार्गदर्शन एवं निर्देशों के तहत अजमेर विकास प्राधिकरण (एडीए) द्वारा जिले में जलस्त्रोतों के संरक्षण एवं आधारभूत विकास से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों को गति दी गई है। अजमेर विकास प्राधिकरण द्वारा चौरसियावास तालाब के सौन्दर्यीकरण, जीर्णाेद्धार एवं अन्य विकास कार्यों के लिए राशि स्वीकृत की गई है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विकास कार्यों की विस्तृत कार्ययोजना शीघ्र तैयार कर समयबद्ध तरीके से क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि आमजन को जल्द इसका लाभ मिल सके।