मौसमी बीमारी से ग्रसित मरीज बढ़ने पर उदयपुर जिला कलेक्टर ने सम्भाली कमान
जिले में बारिश के मौसम के साथ-साथ मौसमी बीमारी से ग्रसित मरीजों की संख्या में इजाफा होने लगा है। मामले बढ़ने के साथ ही चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने भी घर घर सर्वे सहित एंटी लार्वाल गतिविधियां को तेज कर दिया है। बढ़ते मामलो को देखते हुए जिला कलेक्टर श्री चेतन देवड़ा ने आज चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम एवं यूआईटी के अधिकारियो के साथ बैठक कर मौसमी बीमारियों एवं उनसे बचाव के सम्बन्ध में किये जा रहे कार्यो की जानकारी ली।
बैठक में जिला कलेक्टर ने कहा कि जिले में बारिश का दौर जारी होने की वजह से पिछले कुछ दिनों में डेंगू , चिकनगुनिया, मलेरिया, स्क्रब टाइफस इत्यादि के मामलो में बढ़ोतरी हुई है जो चिंता का विषय है। उन्होंने मौसमी बीमारियों के फैलाव को रोकने हेतु नगर निगम आयुक्त को सुबह शाम फॉगिंग करवाने हेतु निर्देशित किया जिस पर निगम आयुक्त ने एक ही मशीन की उपलब्धता की वजह से फॉगिंग कार्य में देरी की सम्भावना से अवगत कराया। इस पर जिला कलेक्टर ने तुरंत यूआईटी के माध्यम से नई मशीन खरीद कर फॉगिंग प्रक्रिया को सुचारू रूप से करवाने हेतु निर्देशित किया।
कलेक्टर देवड़ा के कहा कि मच्छर रोधी गतिविधियों के साथ साथ हमें आमजन को मोसमी बीमारियों से बचाव हेतु भी जागरूक करना होगा। इस हेतु उन्होंने सघन सर्वे करवाने, स्थानीय समाचार पत्रों, रेडियो चेंनल, एवं पेम्लेट्स के माध्यम से आईईसी गतिविधियां सम्पादित करवाने हेतु निर्देशित किया ताकि जन जागरूकता से बीमारी के प्रसार को रोकने में मदद मिल सके।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ दिनेश खराड़ी ने मोसमी बीमारियों की रोकथाम हेतु किये जा रहे कार्यो के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि विभाग द्वारा ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सर्वे कर मौसमी बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों की रक्त पट्टिकाओं का संचयन एवं जाँच कर दवाइयां उपलब्ध कराई जा रही है। जल जमाव वाली जगहों पर एंटी लार्वा गतिविधियों यथा एमएलओ का छिड़काव, गंबूसिया इत्यादि का प्रयोग एवं पानी के टांको में टेमीफोस डलवाया जा रहा है। इसके साथ ही शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में विगत 3 वर्षों में मौसमी बीमारियों से प्रभावित लोगों की संख्या के आधार पर उच्च जोखिम वाले क्षेत्रो में विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
सर्वे दलों द्वारा एंटी लारवा गतिविधियों के साथ-साथ बीमार व्यक्तियों को आवश्यक दवाइयां जैसे पेरासिटामोल, क्लोरोक्वीन, ऐजिथ्रोमाइसिन, डॉक्सीसाइक्लिन, एसीटि किट, ओआरएस पाउडर इत्यादि उपलब्ध करवाया जा रहा है। डॉक्टर खराड़ी ने बताया कि नियमित रूप से की जा रही इन गतिविधियों के साथ साथ शहरी क्षेत्र में बुधवार से विशेष सघन चलाया जायेगा जिसमे विभाग के कार्मिको एवं नर्सिंग छात्रों द्वारा घर घर जाकर लोगो को साप्ताहिक रूप से पानी की टंकी, गमलो की ट्रे, कूलर इत्यादि को साफ करने, बारिश के पानी को इकठ्ठा नही होने देने के साथ साथ मच्छर रोघी गतिविधियां अपनाने हेतु प्रेरित किया जायेगा। इसके साथ ही लोगो को मोसमी बीमारियों से बचाव की जानकारी प्रदान करने हेतु लगभग 2 लाख पेम्प्लेट्स यूआईटी के माध्यम से छपवाकर वितरित किये जायेंगे। डॉ खराड़ी ने बताया कि सप्ताहिक रिपोर्ट के अनुसार इस सप्ताह जिले में 1046 सर्वे दलों द्वारा कुल 56931 घरो का सर्वे कर 1054 जगहों पर टेमीफोस एवं 1193 जगह पर एमएलओ का छिड़काव किया गया। जनवरी से अभी तक कुल 20676 सर्वे दलो द्वारा 973130 घरो का सर्वे कर 20481 जगहों पर एंटीलार्वाल गतिविधियां की जा चुकी है।
उन्होंने मोसमी बीमारियों से बचाव हेतु आमजन से अपील करते हुए कहा कि मच्छरों से बचाव हेतु घरो के आस पास पानी का जमाव नही होने दे, साफ सफाई का विशेष ध्यान रखे, खाना ढक कर रखे, सोते समय मच्छरदानी का उपयोग एवं एंटी मॉस्किटो क्रीम का उपयोग करे।उन्होंने कहा की सप्ताह में एक बार रविवार को घरो में सूखा दिवस की गतिविधियां जैसे कूलर, परिंडे, गमलो की ट्रे, पानी की टंकी इत्यादि की साफ सफाई अपनाई जाए जिससे की मच्छर के लार्वा को पनपने से रोका जा सके। उन्होंने कहा कि यदि व्यक्ति को बुखार, हाथ पैर के जोड़ो में दर्द, मांशपेशियों में जकड़न, आँखों में जलन, लाल चकते इत्यादि महसूस हो रहे हो तो वह तुरंत नजदीकी अस्पताल में जाकर खून की जाँच (सीबीसी) करवाएं एवं घरेलू नुस्खो की बजाय चिकित्सक द्वारा सुझाई दवाओं का सेवन करे।
Disclaimer : All the information on this website is published in good faith and for general information purpose only. www.newsagencyindia.com does not make any warranties about the completeness, reliability and accuracy of this information. Any action you take upon the information you find on this website www.newsagencyindia.com , is strictly at your own risk

https://play.google.com/store/apps/details?id=com.wincompete&hl=en