जीवन बचाने के लिए सख्ती से लागू करें महामारी रेड अलर्ट कर्फ्यू : मुख्यमंत्री
जयपुर, 3 मई। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने प्रदेश में कोविड के लगातार बढ़ते एक्टिव केसेज को देखते हुए मेडिकल ऑक्सीजन का आवंटन बढ़ाए जाने के लिए केंद्र सरकार से लगातार समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार के माध्यम से आयात किए जा रहे ऑक्सीजन परिवहन के टैंकरों में से राजस्थान को जरूरत के मुताबिक टैंकर उपलब्ध कराने के लिए भी पुरजोर पैरवी करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि जीवन रक्षा के लिए कोविड प्रोटोकॉल की सख्ती से पालना कराना बहुत जरूरी है। उन्होंने निर्देश दिए कि सोमवार से शुरू हो रहे महामारी रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाडे़ की गाइडलाइन की पूरी कड़ाई से पालना करवाएं, इसमें किसी तरह की ढिलाई नहीं हो।
गहलोत रविवार रात वीडियो कॉफ्रेंस के माध्यम से ऑक्सीजन आपूर्ति, दवाओं की उपलब्धता, कोविड संक्रमण और सोमवार से आरंभ हो रहे महामारी रेड अलर्ट-जन अनुशासन पखवाड़े को लेकर समीक्षा कर रहे थे। उन्हाेंंने कहा कि बढ़ते संक्रमण के कारण राज्य में ऑक्सीजन की खपत तेजी से बढ़ रही है। चूंकि केंद्र सरकार नेशनल प्लान के तहत ऑक्सीजन का आवंटन कर रही है, ऎसे में राजस्थान की आवश्यकता को देखते हुए आवंटन की मात्रा बढ़ाया जाना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि जामनगर प्लांट में ऑक्सीजन उत्पादन की क्षमता में 350 मैट्रिक टन की अतिरिक्त बढ़ोतरी हुई है। ऎसे में राजस्थान को वहां से अतिरिक्त ऑक्सीजन का आवंटन मिले।
बैठक में बताया गया कि केंद्र सरकार द्वारा विभिन्न कम्पनियों के माध्यम से करीब 50 टैंकर आयात किए जा रहे हैं। श्री गहलोत ने कहा कि राज्य को ऑक्सीजन उठाव के लिए भारत सरकार ने पर्याप्त संख्या में टैंकर उपलब्ध नहीं कराए हैं, इसके चलते दूरस्थ स्थानों से ऑक्सीजन के परिवहन को लेकर काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऎसे में आयात होने वाले टैंकरों से राजस्थान को भी जरूरत के मुताबिक टैंकरों का आवंटन किए जाने के लिए मजबूती से प्रयास करें। उन्होंने निर्देश दिए कि नेशनल प्लान के तहत प्रदेश को आवंटित ऑक्सीजन की पूरी मात्रा का तत्काल उठाव सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को जिम्मेदारी दी जाए।
मुख्यमंत्री ने ऑक्सीजन कॉन्सनटे्रटर की जल्द से जल्द खरीद करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विदेशों से इनका आयात करने के लिए गठित अधिकारियों की कमेटी प्रक्रिया को तेज करे, ताकि कोविड रोगियों के उपचार में मदद मिले।
गहलोत ने कहा कि राज्य सरकार अपने तमाम प्रयासों से कोविड रोगियों को बेहतर उपचार उपलब्ध करवाने के लिए जुटी है, लेकिन संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए जनता की भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है। अगर हम अपने व्यवहार को अनुशासित कर लेंगे और जन अनुशासन पखवाडे़ के प्रोटोकॉल की अक्षरशः पालना सुनिश्चित कर लेंगे तो इस चुनौती से लड़ने में काफी हद तक कामयाब हो सकेंगे। उन्होंने निर्देश दिए कि महामारी रेड अलर्ट-जन अनुशासन पखवाड़े में अनुमत गतिविधियों के अतिरिक्त कोई व्यक्ति बिना अतिआवश्यक काम के कफ्र्यू के दौरान बाहर नहीं निकले। अब किसी ने प्रोटोकॉल की पालना नहीं की तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि सोमवार को गाइडलाइन की पालना के लिए फ्लैग मार्च करवाया जाए।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कि कोविड प्रबंधन के लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग दिन-रात जुटा हुआ है। हमारा पूरा प्रयास है कि प्रदेशवासियों की जीवन रक्षा के लिए उपलब्ध संसाधनों का समुचित उपयोग सुनिश्चित हो। चिकित्सा विभाग की टीम संकट की इस घड़ी में पूरी प्रतिबद्धता से अपने दायित्वों का निर्वहन कर रही है।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्यमंत्री डॉ. सुभाष गर्ग ने कहा कि आगामी चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए प्रदेश में निजी क्षेत्र के माध्यम से अधिक से अधिक ऑक्सीजन प्लांट लगाने के प्रयास किए जाने चाहिए, ताकि भविष्य में किसी भी महामारी से मुकाबले के लिए हम तैयार हो सकें।
मुख्य सचिव निरंजन आर्य ने बताया कि नोडल अधिकारियों के माध्यम से टैंकरों की संख्या एवं ऑक्सीजन के कोटे को बढ़ाने, पूरा उठाव करने, कॉन्सनटे्रटर की जल्द खरीद तथा दरीबा एवं चंदेरिया में ऑक्सीजन उत्पादन के संबंध में गहन मॉनिटरिंग की जा रही है।
अतिरिक्त मुख्य सचिव खान एवं पेट्रोलियम सुबोध अग्रवाल ने बताया कि चीन से दो चरणों में पांच-पांच हजार तथा रूस से 1100 ऑक्सीजन कॉन्सनटे्रटर की खरीद के लिए इन देशों में स्थित भारतीय दूतावास एवं संबंधित कंपनियों से सम्पर्क किया गया है और खरीद की प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जा रहा है। उम्मीद है कि 15 मई तक राज्य को इनकी आपूर्ति होना शुरू हो सकेगा। उन्होंने बताया कि राजस्थान फाउण्डेशन द्वारा प्रवासी राजस्थानियों के सहयोग से भी ऑक्सीजन कॉन्सनटे्रटर एवं टैंकर प्राप्त करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधांश पंत ने बताया कि केंद्र सरकार के उच्च अधिकारियों से ऑक्सीजन, दवाओं और टैंकरों की आपूर्ति बढ़ाने के लिए निरंतर सम्पर्क किया जा रहा है।
प्रमुख शासन सचिव गृह अभय कुमार ने बताया कि महामारी रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाडे़ की गाइडलाइन की सख्ती से पालना करवाने के लिए एन्फोर्समेंट बढ़ाया जा रहा है। पुलिस महानिदेशक एमएल लाठर ने बताया कि कोविड प्रोटोकॉल की प्रभावी पालना के लिए सभी जिलों में आज फ्लैग मार्च करवाया गया है। जिलों में प्रोटोकॉल की पालना की मॉनिटरिंग के लिए पुलिस मुख्यालय से वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भी जिम्मेदारी सौंपी गई है।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख शासन सचिव अखिल अरोरा ने बताया कि एसएमएस अस्पताल के संसाधनों का उपयोग कर आरयूएचएस से कोविड रोगियों का दबाव कम करने का प्रयास किया जा रहा है। वहां से जल्द ही अतिरिक्त रोगियों को एसएमएस अस्पताल में शिफ्ट किया जाएगा।
नोडल अधिकारी गौरव गोयल ने कोविड उपचार के लिए अस्पतालों के प्रबंधन तथा श्री रोहित गुप्ता ने जामनगर, भिवाड़ी एवं अन्य स्थानों से ऑक्सीजन के उठाव के संबंध में जानकारी दी।

https://play.google.com/store/apps/details?id=com.wincompete&hl=en
Disclaimer : All the information on this website is published in good faith and for general information purpose only. www.newsagencyindia.com does not make any warranties about the completeness, reliability and accuracy of this information. Any action you take upon the information you find on this website www.newsagencyindia.com , is strictly at your own risk