जयपुर,12 जनवरी। 78वें सेना दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों के अन्तर्गत भवानी निकेतन शिक्षा समिति परिसर में चार दिवसीय ‘नो योर आर्मी’ प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। इस प्रदर्शनी में ब्रह्मोस, आकाश, मीडियम रेंज सर्फेस टू एयर मिसाइल, स्काई स्ट्राइक, क्विक रिएक्शन फाइटिंग व्हीकल, टैंकर्स सहित भारतीय सेना के विभिन्न आधुनिक उपकरणों को प्रदर्शित किया गया है।
आज भारतीय सेना आधुनिक हथियारों, अत्याधुनिक तकनीक और विश्वस्तरीय प्रशिक्षण से सुसज्जित एक सशक्त सैन्य शक्ति है। लेकिन इन सब से ऊपर है हमारी सेना का अनुशासन, समर्पण और देश के प्रति अटूट निष्ठा। यही गुण भारतीय सेना को विश्व की सर्वश्रेष्ठ सेनाओं में शामिल करते हैं।
एरियल टारगेटिंग सिस्टम (स्काई स्ट्राइक) —
स्काई स्ट्राइक उन्नत और मानव रहित हवाई प्रणाली है। इस यूएवी की लंबाई 2.3 मीटर और विंगस्पैन 3.2 मीटर है, जिससे यह संतुलित और स्थिर उड़ान भरने में सक्षम होता है। यह अधिकतम 15,000 फीट की ऊँचाई तक उड़ सकता है। वजन के अनुसार इसकी उड़ान क्षमता अलग-अलग है—5 किलोग्राम संस्करण लगभग 2 घंटे तक और 10 किलोग्राम संस्करण लगभग 1 घंटे तक लगातार उड़ान भर सकता है। यह प्रणाली कठिन से कठिन मौसम में भी प्रभावी रूप से कार्य कर सकती है। स्काई स्ट्राइक +60 डिग्री सेल्सियस तक के उच्च तापमान और टेकऑफ के समय –20 डिग्री, तथा उड़ान के दौरान –60 डिग्री सेल्सियस तक के न्यूनतम तापमान को सहन करने में सक्षम है। इसकी अधिकतम गति 176 किलोमीटर प्रति घंटा है। हवा की सीमा के अनुसार यह यूएवी टेकऑफ के समय अधिकतम 25 नॉट्स, उड़ान के दौरान 30 नॉट्स तक की हवा में सुरक्षित रूप से कार्य कर सकता है।
ब्रह्मोस —
ब्रह्मोस मिसाइल एक अत्याधुनिक सुपरसोनिक क्रूज़ मिसाइल है, जिसे तेज़ गति और लंबी दूरी तक लक्ष्य भेदने के लिए विकसित किया गया है। इसकी अधिकतम मारक दूरी लगभग 450 किलोमीटर है। इस मिसाइल का वजन करीब 3000 किलोग्राम है और यह मैक 3 की रफ्तार से उड़ान भरने में सक्षम है, यानी यह ध्वनि की गति से तीन गुना तेज़ चलती है। अपनी तेज़ गति के कारण दुश्मन के लिए इसे रोक पाना बेहद कठिन हो जाता है।
आकाश —
आकाश मिसाइल प्रणाली भारत की एक स्वदेशी और प्रभावी सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल प्रणाली है। यह प्रणाली टाटरा 8×8 वाहन पर आधारित है, जो इसे मजबूत संचालन क्षमता देता है। इसका लांचर स्थानीय तथा दूरस्थ दोनों मोड में संचालित किया जा सकता है। इसकी प्रभावी मारक दूरी लगभग 25 किलोमीटर है और यह 2.5 मैक तक की गति से उड़ान भरने में सक्षम है। यह प्रणाली 18 किलोमीटर की ऊँचाई तक लक्ष्यों को भेद सकती है।