कैलेण्डर के अनुरूप समयबद्ध रूप से भर्तियां सुनिश्चित करें RPSC एवं RSSB - मुख्यमंत्री !
जयपुर, 19 सितम्बर: मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि राजस्थान लोक सेवा आयोग (आरपीएससी) एवं राजस्थान राज्य कर्मचारी चयन बोर्ड (आरएसएसबी) राजस्थान प्रशासनिक सेवाओं, राज्य सेवाओं एवं अधीनस्थ सेवाओं की भर्ती कैलेण्डर के अनुरूप समयबद्ध रूप से पूरी करे। उन्होंने कहा कि संघ लोक सेवा आयोग की तरह ही समय पर भर्ती विज्ञापन निकलें, नियमित परीक्षा हो और साक्षात्कार भी समय पर हों ताकि भर्तियां ज्यादा लंबित नहीं रहें।
गहलोत शनिवार को मुख्यमंत्री निवास पर विभिन्न विभागों की प्रक्रियाधीन भर्तियों की वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि किसी भी विभाग द्वारा भर्ती की अभ्यर्थना भेजे जाने के बाद परीक्षा आयोजित होने एवं परिणाम जारी होने में ज्यादा समय नहीं लगे इसके लिए विभाग आरपीएससी एवं राज्य कर्मचारी चयन बोर्ड के साथ समन्वय स्थापित करे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा नियमों की अड़चनों के कारण कई बार भर्तियां अटकती हैं। ऎसे में आवश्यकता पड़ने पर सेवा नियमों में संशोधन किया जाए। जहां तक संभव हो भर्ती का विज्ञापन निकालने से पहले ही संबंधित विभाग यह सुनिश्चित करें कि उस परीक्षा की तिथि पर कोई अन्य परीक्षा पहले से ही निर्धारित नहीं हो जिससे परीक्षा स्थगित करने की नौबत नहीं आए। यह प्रयास हो कि एक बार भर्ती विज्ञापन निकालने के बाद उसमें बार-बार संशोधन नहीं करना पड़े।
गहलोत ने न्यायिक निर्णयों के कारण लंबित भर्तियों के संदर्भ में पिछले चार माह में हुई प्रगति एवं करीब 6 हजार भर्तियों पर स्थगन आदेश हटने एवं भर्तियां पूरी होने पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शेष जो भर्तियां न्यायिक प्रक्रिया के कारण लंबित हैं उनमें प्रभावी रूप से पैरवी की जाए और संबंधित विभाग राज्य के महाधिवक्ता एवं अतिरिक्त महाधिवक्ताओं के साथ समन्वय स्थापित कर न्यायालयों में अपना पक्ष मजबूती से रखें। उन्होंने कहा कि भर्तियों के कोर्ट में अटकने के कारण कई बार अभ्यर्थियों को नियुक्ति के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चयनित अभ्यर्थियों के दस्तावेज सत्यापन का कार्य तय समय में हो।
आरपीएससी एवं अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड विज्ञापन के माध्यम से अभ्यर्थियों को इस संबंध में सूचना दें एवं इसके लिए एक समयावधि तय कर दी जाए। दस्तावेज सत्यापन के लिए अभ्यर्थियाें को बार-बार अवसर देने के बजाए कट-ऑफ डेट एक बार ही तय कर दी जाए। उन्होंने कहा कि चयनित अभ्यर्थियों का परिवीक्षा काल पूरा करने के बाद स्थायीकरण समय पर हो यह सुनिश्चित किया जाए।

https://play.google.com/store/apps/details?id=com.wincompete&hl=en
मुख्यमंत्री ने रीट की परीक्षा भी समय पर आयोजित कराने के निर्देश दिए। उन्हाेंने शिक्षा, चिकित्सा, महिला एवं बाल विकास, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज, कृषि, राजस्व, वन एवं पर्यावरण एवं आयुर्वेद सहित अन्य विभागों में प्रक्रियाधीन भर्तियों की वर्तमान स्थिति की जानकारी विभाग के अधिकारियों से ली।
वीसी के दौरान प्रमुख शासन सचिव कार्मिक श्रीमती रोली सिंह ने बताया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में 10 अगस्त, 2020 तक 76 हजार 265 नियुक्तियां दी जा चुकी हैं, 2560 के परिणाम जारी हो चुके हैं, 1571 के साक्षात्कार होने हैं, 7053 पदों के लिए परीक्षा आयोजित हो चुकी है और परिणाम जारी करना शेष है जबकि 21500 पदों की भर्ती के लिए विज्ञापन जारी हो चुके हैं और परीक्षा आयोजित होनी है। उन्होंने बताया कि कोविड-19 महामारी के प्रकोप के कारण भी कई भर्ती परीक्षाएं आयोजित करने में देरी हो रही है।
बैठक में मुख्य सचिव राजीव स्वरूप, राजस्थान राज्य कर्मचारी चयन बोर्ड के चेयरमैन डॉ. बीएल जाटावत, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त निरंजन आर्य, अतिरिक्त मुख्य सचिव ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज रोहित कुमार सिंह, प्रमुख शासन सचिव गृह अभय कुमार सिंह, प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अखिल अरोरा, प्रमुख शासन सचिव वन एवं पर्यावरण श्रीमती श्रेया गुहा, प्रमुख शासन सचिव राजस्व आनन्द कुमार, प्रमुख शासन सचिव प्रशासनिक सुधार अश्विनी भगत, प्रमुख शासन सचिव कृषि कुंजीलाल मीणा, प्रमुख शासन सचिव ऊर्जा अजिताभ शर्मा, शासन सचिव स्कूल शिक्षा श्रीमती मंजू राजपाल, सचिव आरपीएससी शुभम चौधरी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
Disclaimer : All the information on this website is published in good faith and for general information purpose only. www.newsagencyindia.com does not make any warranties about the completeness, reliability and accuracy of this information. Any action you take upon the information you find on this website www.newsagencyindia.com , is strictly at your own risk.