उदयपुर की रेडिसन ब्लू होटल कोरोना वायरस प्रसार रोकने के लिए देश भर में मिसाल !
कोरोना वायरस धीरे धीरे कई देशों के साथ भारत में अपने पैर पसार रहा है। लोगो में वायरस को लेकर जहाँ डर है वही समूचे भारत में पर्यटन इंडस्ट्री अब तक के सबसे विकट हालात से जूझ रही है। पर्यटन नगरी की होटल्स कोरोना से लड़ने में अपना विशेष योगदान देकर कई ऐसे प्रयास कर रही जिससे होटल में रुकने वाले पर्यटकों द्वारा वायरस संक्रमण न हो सके। इन होटल्स में उदयपुर की रेडिशन ब्लू होटल ने जिस स्तर पर कोरोना वायरस को फैलने से बचने के प्रयास किये है वैसे प्रयास अगर भारत सहित दुनिया की हर होटल करती है तो निश्चय ही वायरस को फैलने से रोका जा सकता है।
क्या क्या कर रही है रेडिसन ब्लू होटल कोरोना वायरस से बचने के लिए :
- लगेज स्टाफ कर्मचारी दस्ताने पहन कर पर्यटकों का सामान और कार हैंडल छू रहे है।
- होटल प्रवेश द्वार पर हैंड सैनीटाइज़र द्वारा पर्यटकों के हाथ सैनीटाइज़ किये जा रहे है।
- वायरस डिसइंफेक्टेंट जगह जगह रखे गए है। डिसइंफेक्टेन्ट सॉल्यूशन हर गेस्ट काउंटर पर रखे गए है।इसके साथ ही लॉबी,रिसेप्शन और रेस्टोरेंट में भी ये सॉल्यूशन रखे गए है।
- दिन में दो बार होटल के हर कमरे के दरवाजे के हैंडल ,CP फिटिंग्स हाइपो क्लोराइड सॉल्यूशन से साफ करवाये जा रहे है।
- लिफ्ट में कॉल बटन, लाइट स्विच, दरवाज़े के हैंडल, शौचालय, टेलीफोन और रिसेप्शन काउंटर ,बाथ टब ,वाश बेसिन, फ्लश, कमोड यूरिनल को दिन में दो बार हाइपो क्लोराइड सॉल्यूशन से साफ करवाया जा रहा है।
- लॉबी और रिसेप्शन काउंटर पर सूचना बोर्ड के साथ सैनिटाइजर रखे गए है।
- स्टाफ नोटिस बोर्ड पर कोरोना से बचने गाइड लाइन्स दी गई है और कोरोना प्रसार रोकने के लिए होटल स्टाफ की मेडिकल टीम के साथ ट्रैनिंग रखी गई है।
- स्टाफ अटेंडेंस के लिए थंब इम्प्रैशन मशीन सील कर दी गई है।
- कर्मचारियों के साथ संवाद करउन्हें बार-बार हाथ धोने के महत्व की याद दिलायी जा रही है अपने होटल के मेहमानों को सूचित कर रहे कि सैनिटाइजर उपलब्ध हैं और होटल प्रबंधन ने जोखिम के उपायों को पेश किया है।
- होटल संचालकों को वायरस को फैलने के निवारक उपायों को जल्द से जल्द शुरू करना चाहिए। यात्रियों के लिए संक्रमण की रोकथाम, जागरूकता बढ़ाने और जोखिम को लोगो को बताने का ये सही समय है ।
होटल संचालकों को वायरस को फैलने के निवारक उपायों को जल्द से जल्द शुरू करना चाहिए। यात्रियों के लिए संक्रमण की रोकथाम, जागरूकता बढ़ाने और जोखिम को लोगो को बताने का ये सही समय है ।