शहीद कमांडो निराला की बहन की शादी कर कुछ यूं किया साथी गरुड़ कमांडोज ने शहादत का सम्मान !
देश पर जान न्यौछावर करने वाले गरुड़ कमांडो जेपी निराला को पिछले साल गणतंत्र दिवस के अवसर पर मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया गया था। यह शांतिकाल के दौरान दिया जाने वाला सबसे बड़ा सैन्य पुरस्कार होता है।वे कश्मीर के बांदीपुरा में आतंकियों से लड़ते हुए शहीद हो गए थे। हालांकि पांच आतंकियों को मौत के घाट उतार देने वाले इस जांबाज योद्धा को असली सम्मान तो उनके साथियों ने पटना में दिया है।
एकलौते बेटे निराला की शहादत के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति काफी कमजोर हो गई थी और घर में कुंवारी बहन शादी की उम्र में प्रवेश कर चुकी थी। ऐसे में जंग के मैदान में निराला के साथ हंसी-ठिठोली करने वाले उनके दोस्त और सेना के गरुड़ कमांडो फिर एक बार सामने आए। इसबार जंग दुश्मन से नहीं बल्कि शहीद दोस्त के परिजनों की गरीबी से थी।
फिर क्या जंग हो या जिंदगी के दर्द, हर किसी को मात देने वाले गरुड़ कमांडो ने हर साथी से 500-500 रुपए इकट्ठे किए। इस तरह इन जवानों ने कुल 5 लाख रुपए जोड़े और अपने शहीद दोस्त की बहन के हाथ पीले किए। देश पर जान कुरबान करने वाले अपने साथी की बहन की विदाई का वक्त आया तो कुछ गरुड़ कमांडो ने उस बहन के आगे हथेलियां बिछा दीं । ताकि उसे जमीन पर पैर न धरने पड़ें।
बिहार के बदिलाडीह में पिछले दिनों निराला की बहन शशिकला की शादी पाली रोड के सुजीत कुमार के साथ हुई। पिता तेजनारायण सिंह ने बताया कि यह पल मेरे लिए यादगार बन गया। पूरी शादी में गरुड़ कमांडो ने बेटे की कमी खलने नहीं दी। मैं सबका आभारी हूं।
आतंकियों पर कहर बनकर टूटा था कमांडो निराला
शहीद कमांडो दोस्त की बहन को दिया ये सम्मान हरगिज भी शहीद निराला को दिए सम्मान से कम नहीं था। ट्विटर पर साथी कमांंडोज के इस प्रयास की लोग काफी सराहना कर रहे हैं। साथ ही सैनिकों की शहादत के बाद उनके परिजनों की आर्थिक स्थिति का मुद्दा एकबार फिर चर्चा का विषय बन गया है ।राष्ट्रवाद की लहर में ये मुद्दा काफी पीछे रह गया था जो शायद गरुड़ कमांडोज के इस प्रयास से एक बार फिर सुर्खियों में आ सकता है।
मुठभेड़ में साथियों को बचाया
ज्योति प्रकाश निराला ने बांदीपुरा मुठभेड़ में दो आतंकी आतंकियों को मार गिराया था। इनमें लश्कर कमांडर लखवी का भतीजा उबैद उर्फ ओसामा और महमूद भाई शामिल था। उन्होंने इस दौरान अपने घायल साथियों का भी बचाव किया था।